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Thursday, October 24, 2013

सुनहरे स्वप्न

Golden Haze
नींद नहीं आती रातों में,
मन खोया खोया सा रहता है, 
सुनहरे स्वप्न आना चाहते हैं,
झील सी गहरी आँखों में,
चुपके से घर में दरवाजे के पीछे छुप जाते हैं,
कभी झरोखों से झाँकते नज़र आते हैं,
कभी घर आँगन में घूमते फिरते नज़र आते हैं,
कभी मुक्त गगन उड़ते हुये,
तो कभी नदिया के जल में लहराते उतराते हैं,
मैं चाहती हूँ शांत रातों में सोना,
एक लम्बी गहरी नींद में,
ताकि देख सकूं सुन्दर सुखद स्वप्न....
-साधना 

Thursday, July 25, 2013

मेरा पागल मन

Psalm 34:18 (Clouded Heart)

मेरा पागल मन जो उड़ा करता है
सुनहरे पंखो पर होकर सवार,
आकाश को छू कर, फिर ज़मी पर भी चलता है
सबसे आगे भीड़ में बार-बार,
आसमान से जमीं तक की ऊँचाइयों को
बार-बार नाप कर बन जाता है इस प्रकृति का राज़दार
सूरज, चाँद, सितारों को हमजोली बना
उनके साथ करता कही अनकही बातें,
कभी हमजोली बन खेलता, कभी झगड़ता, कभी मान भी जाता
चांदनी रातो में सो कर खो जाता सुनहरे सपनो में,
सुबह होने पर सूरज गुदगुदा कर उठाता,
देखने के लिए  फिर से नए स्वपन
और जानने के लिए नए-नए राज़…

 - साधना

Monday, April 15, 2013

तुम्हारी आँखें...

couple-hold-hands-in-silhouette-at-sunset-16nov2008

तुम्हारी आँखें कुछ कहती है, आँखों में प्यार और
विश्वास छुपा है, और कुछ सतरंगी सपने,
मेरा दिल चाहता है तुम्हारी हर तमन्ना पूरी हो,
तुम्हारी भीगी सी नम आँखों से बहने वाले
आँसू में पोंछना चाहती हूँ,
तुम्हारे कहे-अनकहे हर स्वप्न को,
जो तुम्हारी आँखों में तैरते है,
इंद्रधनुष बन आँखों में उतरते है, उन्हे पूरा करना चाहती हूँ,
तुम्हारा विश्वास जीत मैं तुम्हें अपना बनाना चाहती हूँ,
ताकि जीवन के सुनहरे पथ में कोई बाधा न आने पाये...
- साधना